
अंता (बारां)।
बारां जिले की अंता थाना पुलिस और जिला विशेष टीम (DST) ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए वाहनों की खरीद-फरोख्त व गिरवी रखने के नाम पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के 5 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 11 चार पहिया वाहन, 1 ट्रैक्टर मय ट्रॉली तथा 3 मोटरसाइकिलें जब्त की हैं। इसके अलावा आरोपियों के पास से 29 हस्ताक्षरित स्टाम्प और वाहन हस्तांतरण से जुड़े प्रपत्र बरामद किए गए हैं।
गिरोह का तरीका-ए-वारदात
पुलिस अधीक्षक अभिषेक अंदासु के अनुसार, बारां जिले में ‘ऑपरेशन अंकुश’ (हाइपोथिकेटेड वाहन विक्रय के नाम पर ठगी करने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान) के तहत यह कार्रवाई की गई।
यह गिरोह हाड़ौती क्षेत्र में आर्थिक तंगी का सामना कर रहे वाहन स्वामियों को झांसे में लेता था। आरोपी वाहन मालिकों से कम मूल्य पर हस्ताक्षरित स्टाम्प, स्वामित्व हस्तांतरण प्रपत्र (फॉर्म संख्या 29 व 30) और वाहन के मूल दस्तावेज प्राप्त कर लेते थे। इसके बाद उन्हीं वाहनों को अन्य लोगों के पास अधिक राशि में गिरवी रख देते थे। बाद में वाहनों की किश्तों का भुगतान नहीं किया जाता था और फाइनेंस कंपनी या मूल मालिक के माध्यम से वाहनों को वापस जब्त करवा दिया जाता था। इस प्रकार यह गिरोह वाहन चालकों, गिरवी रखने वालों तथा फाइनेंस कंपनियों के साथ करोड़ों रुपये की ठगी कर अवैध लाभ कमा रहा था।
गिरफ्तार अभियुक्त:
पुलिस द्वारा दबिश देकर गिरफ्तार किए गए आरोपी:
1. शुभम गोस्वामी (28 वर्ष), निवासी पिलिया, थाना सदर, बारां
2. शिवम गोस्वामी (30 वर्ष), निवासी पिलिया, थाना सदर, बारां
3. भगवान प्रसाद गोस्वामी (51 वर्ष), निवासी पिलिया, थाना सदर, बारां
4. संदीप गोस्वामी (23 वर्ष), निवासी पिलिया, थाना सदर, बारां
5. रवि उर्फ रंगीला रैगर (25 वर्ष), निवासी रायथल, थाना सीसवाली, बारां
पुलिस टीम और आगे की कार्रवाई
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सौरभ तिवारी के सुपरविजन तथा वृताधिकारी अंता पुष्पेंद्र आढा के नेतृत्व में अंता थानाधिकारी भूपेश शर्मा व डीएसटी (DST) की टीम ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। प्रारंभिक जांच में लगभग 15 वाहनों के जरिए करोड़ों रुपये के संदिग्ध लेन-देन की बात सामने आई है। पुलिस आरोपियों से गहन पूछताछ कर गिरोह के अन्य सदस्यों और अन्य मामलों के संबंध में अनुसंधान कर रही है।


